हाइपर एसिडिटी या पेट में जलन का घरेलू इलाज - hyperacidity and gerd home treatment in hindi

हाइपर एसिडिटी या पेट में जलन का घरेलू इलाज - hyperacidity and gerd home treatment in hindi
hyperacidity ka ilaj


hyper acidity home remedies  आमतौर जो व्यक्ति अधिक मसालेदार शराब, कॉफ़ी, का सेवन करता है वह एसिडिटी से ग्रस्त हो जाता है जब एसिडिटी की समस्या बार-बार होने लगती है और गंभीर हो जाये तो इसे हाइपर एसिडिटी या गैस्ट्रो इसोफेजियल रिफ्लक्स डिजीज GERD कहते है इसे पेट में सूजन आ जाती है जो कई बार अल्सर में भी बदल जाता है।  कुछ लोगो  में यह बीमारी पुरानी भी हो सकता है। कई बार यह बैक्टीरिया के कारण भी हो जाता है। 

(हाइपर एसिडिटी का ही प्रकार जिसमे अपच (ब्लोटिंग) या बदहजमी(acid dyspepsia)  हो जाती है।  जो पेट में अधिक हयइड्रोक्लोरिक पैदा होने के वजह से होता है।  

हाइपर एसिडिटी या अपच क्या है - what is hyper acidity in hindi?

हाइपर एसिडिटी में भोजन के पेट में जाने के बाद पेट हाइड्रोक्लोरिक एसिड को स्रावित करता है जो भोजन को छोटे पदार्थों में तोड़ने में सहायता करता है, जिससे पाचन प्रक्रिया को बढ़ावा मिलता है। लेकिन जब हाइड्रोक्लोरिक एसिड का अतिरिक्त मात्रा में निकलने लगता है। 

अधिकतर यह आंत  वाले बैक्टीरिया का परिणाम  होता है लेकिन कई बार गलत खान-पण के वजह से भी होता है। ऐसे में पेट में भारीपन, हिचकी, उलटी आदि होने लगती है।  कुछ लोगों में खाली पेट रहने से भी यह परेशानी हो जाती है।  नाक से खून (नकसीर) रोकने के 8 घरेलू इलाज

हाइपर एसिडिटी या बदहजमी के कारण - causes of hyperacidity in hindi

कॉफी या चाय जैसे कैफीनयुक्त पेय पदार्थों का अत्यधिक सेवन।

अधिक मसालेदार, तला हुआ और जंक फूड खाना।

तनाव 

भोजन करके तुरंत लेट जाना 

फिजिकल एक्टिविटी कम करना 

भोजन समय पर न करना 

परेशान नींद सही से न आना 

कुछ दवाओं का निरंतर उपयोग।

अन्य स्थितियां जो कारण हो सकती हैं उनमें गर्भावस्था, मोटापा, उम्र बढ़ना और उपवास शामिल हैं।

हाइपर एसिडिटी के लक्षण - symtoms of hyperacidity in hindi

कुछ संकेतों और लक्षणों में शामिल हैं:

पेट में जलन

कड़वा या खट्टा डकार

पेट फूलना

उल्टी

गले में जलन

पेट बढ़ाना

भोजन के प्रति अरुचि

सीने में हल्का दर्द

अपर्याप्त भूख

थकान

हाइपर एसिडिटी का घरेलू उपाए - home remedies of hyperacidity in hindi

यहाँ बताये गए घरेलू आयुर्वेदिक उपचार के जरिये इससे निजात पाने का प्रयास किया जा सकता है -

ठंडा दूध 

हाइपर एसिडिटी  दूध पी सकते है।  दूध को उबाल लें और फिर उसे ठंडा करके पिए।  

अदरक, शहद और नींबू 

तीनों के रस को एक साथ मिलाये और खाये।  चाहे तो इसे पानी में मिलाकर पी सकते है।  इससे बदहजमी ठीक होने में मदद मिलती है। 

नारियल पानी, मौसमी फल खाये।   यह पेट को ठंडा और बैक्टीरिया मुक्त रखता है। 

हरड़ का चूर्ण 

हरड़ के चूर्ण को रोज रात को सोने से पहले पानी के साथ खाये।    

मछली

मछली सेवन से भी यह समस्या हो सकती है।  कोशिश करे की मछली के साथ दूध  करें। 

इसबगोल 

इसबगोल को दही के साथ सकते है।  इससे पित्त की परेशानी दूर होती है और एसिडिटी भी ठीक होती है। 

मुलेठी और सौंफ के पाउडर को सोने से पहले पानी के साथ लें।  सौंफ एसिडिटी नहीं होने देता है।  

किशमिश 

जिन्हे बार-बार हाइपर एसिडिटी होती है वे भिगोय हुए किशमिश को खाये।  इससे कब्ज और पेट फूलने की मुशिकल काफी कम हो जाती है। 

निष्कर्ष 

आर्टिकल में बताये गए  हाइपर एसिडिटी का घरेलू उपाए सामान्य इलाज है समस्या ठीक न होने पर डॉक्टर को अवश्य दिखाए।